प्रधानमंत्री ने एक लेख साझा किया, जिसमें इस बात पर प्रकाश डाला गया है कि भारत राष्ट्रमंडल समुदाय के साथ अपने मजबूत डिजिटल सार्वजनिक बुनियादी ढांचे को साझा करने के लिए तैयार है
प्रधानमंत्री ने एक लेख साझा किया, जिसमें इस बात पर प्रकाश डाला गया है कि भारत राष्ट्रमंडल समुदाय के साथ अपने मजबूत डिजिटल सार्वजनिक बुनियादी ढांचे को साझा करने के लिए तैयार है
प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने आज एक लेख साझा किया, जिसमें इस बात पर प्रकाश डाला गया है कि भारत राष्ट्रमंडल समुदाय के साथ अपने मजबूत डिजिटल सार्वजनिक बुनियादी ढांचे को साझा करने के लिए तैयार है।
जब भारत राष्ट्रमंडल के अध्यक्षों और पीठासीन अधिकारियों के 28वें सम्मेलन (सीएसपीओसी) की मेजबानी कर रहा है, तब लोकसभा अध्यक्ष श्री ओम बिरला ने ‘वसुधैव कुटुंबकम’ –“विश्व एक परिवार है”- के शाश्वत लोकाचार के प्रति देश की प्रतिबद्धता पर जोर दिया।
लोकसभा सचिवालय के ‘X’ हैंडल की एक पोस्ट का जवाब देते हुए पीएमओ इंडिया के हैंडल ने कहा:
” जब भारत 28वें सीएसपीओसी की मेजबानी कर रहा है, तब माननीय @loksabhaspeaker Shri @ombirlakota ने वसुधैव कुटुंबकम की भावना में इस बात को रेखांकित किया कि देश राष्ट्रमंडल के साथ अपने डिजिटल सार्वजनिक बुनियादी ढांचे को साझा करने के लिए तैयार है।
उन्होंने लिखा भारत प्रौद्योगिकी को किसी स्वामित्व वाली संपत्ति के रूप में नहीं, बल्कि एक सार्वजनिक कल्याण वाली वस्तु के रूप में देखता है, जो विश्व भर में लोकतांत्रिक सुदृढ़ता को मजबूत करता है।”
As India hosts the 28th CSPOC, Honourable @loksabhaspeaker Shri @ombirlakota underscores that, in the spirit of Vasudhaiva Kutumbakam, the country stands ready to share its digital public infrastructure with the Commonwealth.
He writes that India does not see technology as a… https://t.co/Y9q2vo5Uic