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सीएक्यूएम ने वैधानिक निर्देश जारी कर विभिन्न सेवा व्यवस्थाओं कॉन्ट्रैक्ट कैरिज परमिट, इंस्टीट्यूशन/स्कूल बस परमिट, अखिल भारतीय पर्यटक परमिट के अंतर्गत चलने वाली और दिल्ली में प्रवेश करने वाली बसों को 01.11.2026 से स्वच्छ मोड अर्थात बीएस-VI डीजल/सीएनजी/ईवी बसों पर चलाना अनिवार्य कर दिया है

सीएक्यूएम ने वैधानिक निर्देश जारी कर विभिन्न सेवा व्यवस्थाओं कॉन्ट्रैक्ट कैरिज परमिट, इंस्टीट्यूशन/स्कूल बस परमिट, अखिल भारतीय पर्यटक परमिट के अंतर्गत चलने वाली और दिल्ली में प्रवेश करने वाली बसों को 01.11.2026 से स्वच्छ मोड अर्थात बीएस-VI डीजल/सीएनजी/ईवी बसों पर चलाना अनिवार्य कर दिया है

पूरे एनसीआर में समग्र वायु प्रदूषण में परिवहन क्षेत्र का महत्वपूर्ण योगदान है। पूरे वर्ष लगातार और सर्दियों के मौसम में और भी अधिक प्रतिकूल है।  कुशल और स्वच्छ सार्वजनिक परिवहन सेवाएं विशेष रूप से दिल्ली और एनसीआर के अन्य शहरों/कस्बों के लिए चलने वाली शहर के अंदर और शहर के बीच बस सेवाएं इस क्षेत्र से वायु प्रदूषण को कम करने में मदद करेंगी।

वाहन क्षेत्र से होने वाले वायु प्रदूषण को कम करने की दिशा में, वाणिज्यिक माल वाहनों से होने वाले उच्च प्रदूषण और दिल्ली में प्रवेश करने वाले ऐसे वाहनों के कारण होने वाले उत्सर्जन के दुष्प्रभावों पर विचार करते हुए, आयोग ने दिनांक 23.04.2025 के निर्देश संख्या 88 के अंतर्गत 01.11.2025 से दिल्ली में बीएस-VI, सीएनजी, एलएनजी और ईवी के अलावा सभी वाणिज्यिक माल वाहनों जैसे एलजीवी, एमजीवी और एचजीवी के प्रवेश पर सख्त प्रतिबंध लगा दिया है, सिवाय उन वाहनों के जो दिल्ली में पंजीकृत हैं।

वाहन उत्सर्जन को उत्तरोत्तर कम करने के अपने उद्देश्य को मजबूत करते हुए, एनसीआर और आसपास के क्षेत्रों में वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (सीएक्यूएम) विशेष रूप से उच्च उत्सर्जन वाले सार्वजनिक परिवहन क्षेत्र में स्वच्छ ईंधन वाहनों की ओर चरणबद्ध बदलाव की दिशा में बड़े पैमाने पर काम कर रहा है। क्षेत्र के प्रदूषण भार में अंतर-शहरी, पर्यटक और अन्य बस सेवाओं के पर्याप्त योगदान को देखते हुए, विशेष रूप से सर्दियों के मौसम के दौरान, आयोग ने अब इस दिशा में एक निर्णायक कदम उठाया है।

आयोग द्वारा पहले जारी किए गए निर्देश संख्या 78 और 81 में पहले से ही एनसीआर राज्यों में कहीं से भी और पड़ोसी राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, मध्य प्रदेश और पंजाब से दिल्ली-एनसीआर में चलने वाली सभी इंटरसिटी बसों के लिए एक स्वच्छ ईंधन व्यवस्था निर्धारित की गई है; केवल बीएस-VI डीजल/सीएनजी/ईवी/क्लीनर मोड बसों को दिल्ली-एनसीआर में चलने की अनुमति है।

स्वच्छ वायु के उद्देश्य को आगे बढ़ाने के लिए आयोग ने एक वैधानिक निर्देश संख्या 93 जारी किया है। इसमें अखिल भारतीय पर्यटक परमिट सहित विभिन्न सेवा व्यवस्थाओं के अंतर्गत चलने वाली और दिल्ली में प्रवेश करने वाली बसों को 01.11.2026 से स्वच्छ मोड यानी बीएस-VI डीजल/सीएनजी/ईवी पर चलना अनिवार्य किया गया है।

हालांकि ये प्रतिबंध दिल्ली में पंजीकृत बसों पर लागू नहीं होंगे।

इसके अलावा जीएनसीटीडी के परिवहन विभाग/यातायात पुलिस विभाग को सीमा प्रवेश बिंदुओं पर एएनपीआर प्रणाली, आरएफआईडी आदि जैसे उचित तंत्र के माध्यम से उपरोक्त प्रतिबंधों का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया है।

आयोग ने सभी राज्य सरकारों/केंद्र शासित प्रदेशों के प्रशासनों को भी इन निर्देशों को सभी हितधारकों के बीच व्यापक रूप से प्रसारित करने की सलाह दी है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि 31.10.2026 के बाद केवल अनुमत बसें ही दिल्ली के लिए चलें।

हालांकि निर्देश संख्या 78 और 81 के अंतर्गत लगाए गए प्रतिबंध दिल्ली-एनसीआर के लिए अंतर-शहर सार्वजनिक परिवहन बस सेवाओं के लिए बाध्यकारी बने रहेंगे।