देश में होने वाला नवीकरणीय ऊर्जा विस्तार 2025 में अब तक के सबसे उच्च स्तर पर पहुंचा
देश में होने वाला नवीकरणीय ऊर्जा विस्तार 2025 में अब तक के सबसे उच्च स्तर पर पहुंचा
संक्षिप्त विवरण – नवीकरणीय ऊर्जा की स्थापित क्षमता
परंपरागत ईंधन आधारित संयंत्रों की कुल गैर-स्थापित क्षमता और निर्माणाधीन क्षमता (गीगावाट में ) (दिनांक 30.11.2025 तक)
सेक्टर
स्थापित क्षमता (गीगावाट)
कार्यान्वयन के अधीन (गीगावाट)
निविदा (गीगावाट)
कुल स्थापित क्षमता/पाइपलाइन क्षमता (गीगावाट)
सौर ऊर्जा (क)
132.85
69.12
35.46
237.43
पवन ऊर्जा (ख)
53.99
30.11
1.80
85.90
जैव ऊर्जा (सी)
11.61
—
—
11.61
लघु जलविद्युत (डी)
5.16
0.44
—
5.60
हाइब्रिड/ चौबीसों घंटे (आरटीसी)/ एफडीआरई (ई)
—
59.24
11.48
70.72
उप-कुल
(एफ= ए+बी+सी+डी+ई)
203.61
158.91
48.74
411.26
बड़ा जलसंभर (जी)
50.35
25.33
—
75.68
कुल आरई (एफ+जी)
253.96
184.24
48.74
486.94
परमाणु ऊर्जा (एच)
8.78
6.60
7.00
22.38
कुल गैर-परंपरागत ईंधन
(एफ+जी+एच)
262.74
190.84
55.74
509.32
अखिल भारतीय विद्युत स्थापित क्षमता (30.11.2025 तक)
सेक्टर
क्षमता (गीगावाट में)
प्रतिशत
तापीय (ए)
246.90 गीगावाट
(48.45प्रतिशत)
परमाणु (बी)
8.78 गीगावाट
(1.72प्रतिशत)
नवीकरणीय ऊर्जा (बड़े जलविद्युत सहित) (सी)
253.96 गीगावाट
(49.83प्रतिशत)
उप कुल
(गैर-परंपरागत ईंधन) (बी+सी)
262.74 गीगावाट
(51.55प्रतिशत)
कुल योग (a+b+c)
509.64 गीगावाट
(100प्रतिशत)
वर्ष के दौरान मंत्रालय की प्रमुख गतिविधियां/उपलब्धियां
पीएम-सूर्य घर: मुफ्त बिजली योजना:
प्रधान मंत्री किसान ऊर्जा सुरक्षा एवं उत्थान महाभियान (पीएम-कुसुम):
राष्ट्रीय हरित हाइड्रोजन मिशन:
सौर ऊर्जा
सौर पीवी निर्माण
पवन ऊर्जा:
भू – तापीय ऊर्जा
अनुसंधान एवं विकास (आर एंड डी)
बायोनर्जी
प्रधानमंत्री जनमान और डीए जेजीयूए के तहत नई सौर ऊर्जा योजना
इस योजना के तहत, 2025 में कुल 4919 घरों में विद्युतीकरण किया गया है (30.11.2025 तक की स्थिति के अनुसार)।
अंतरराष्ट्रीय सहयोग
अन्य प्रमुख कार्यक्रम आयोजित किए गए: